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रुद्राभिषेक पूजा विधि — शिवलिंग का अभिषेक
घर पर रुद्राभिषेक कैसे करें: गणेश आरंभ, पंचामृत धारा, बेलपत्र और ॐ नमः शिवाय।
समय: 50–90 मिनट

रुद्राभिषेक रुद्र नाम के स्मरण सहित शिवलिंग का पवित्र अभिषेक है। सोमवार, श्रावण और महाशिवरात्रि इस बैठक को विशेष निस्तब्ध बनाते हैं।
सामग्री
- शिवलिंग, बेलपत्र और श्वेत पुष्प
- दूध, दही, घी, मधु, गंगाजल या स्वच्छ जल
- हो तो छोटी श्रृंगी या धार पात्र
- स्वच्छ जल, रोली, अक्षत और फूल
- धूप, घी या तेल दीप, कपूर और घंटी
पूजा के चरण
- 1
लिंग विराजित करें
लिंग ऐसे रखें कि मुख उत्तर या पूर्व रहे। आचमन, संक्षिप्त गणेश पूजा, और शांति-स्वास्थ्य या घर के कहे उद्देश्य का संकल्प लें।
- 2
अर्पण की धारा
जल, फिर दूध, दही, घी, मधु और पुनः स्वच्छ जल धारा दें। प्रत्येक धारा के साथ ॐ नमः शिवाय या महामृत्युंजय श्वास पर रहे।
- 3
बेल, वस्त्र और नैवेद्य
लिंग पोंछें, बेलपत्र, चंदन, पुष्प, धूप, दीप और सात्विक प्रसाद अर्पित करें। निषेध हो तो केतकी न चढ़ाएँ।
- 4
आरती और जल विसर्जन
शिव आरती करें। अभिषेक जल स्वच्छ पौधे में दें। जाने से पहले एक क्षण बैठें।
मंत्र
ॐ नमः शिवाय
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
- क्या पुरोहित आवश्यक हैं?
- रुद्री पाठ लंबा हो तो प्रशिक्षित पुरोहित सहायक हैं। गृहस्थ घर पर पंचाक्षरी सहित सच्चा अभिषेक कर सकता है।
आज का पंचांग
इस पाठ के लिए तिथि, मुहूर्त और आज के पर्व।
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