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लक्ष्मी पूजा विधि — सरल गृह पूजा
शुक्रवार, दीपावली या दैनिक समृद्धि पूजा हेतु घर पर लक्ष्मी पूजा की चरणबद्ध विधि।
अंतिम अद्यतन: 2026-08-01
समय: 25–40 मिनट

यह सरल विधि शुरुआती लोगों के लिए उपयुक्त है। स्थान स्वच्छ रखें, मन शांत रखें, और जल्दबाजी नहीं — कृतज्ञता से अर्पण करें।
सामग्री
जो अभी बाकी है वही व्हाट्सऐप जाएगा — जो घर में है उसे टिक करें।
मुद्रित प्रति: pujasangrah.com — आपका पावन आध्यात्मिक साथी
तैयारी
- 1
पूजा स्थल की सफाई करें
क्षेत्र को झाड़ू लगाएँ और पोंछें। ऊँचे स्थान पर स्वच्छ वस्त्र बिछाएँ। लक्ष्मी को पूर्व या उत्तर की ओर रखें, पास में छोटे सिक्कों की थाली रखें।
- 2
संकल्प
दाहिने हाथ में जल लें। अपना नाम और शांति व धर्मयुक्त समृद्धि की कामना बताएँ। जल अर्पित कर आरंभ करें।
- 3
आवाहन
माँ लक्ष्मी को जुड़े हाथों से आमंत्रित करें। पुष्प अर्पित करें और 'ॐ श्रीं महालक्ष्म्यै नमः' जपें।
- 4
अर्पण
जल, चंदन या कुमकुम, अक्षत, पुष्प, धूप और जलता दीप अर्पित करें। मिष्ठान्न और फल नैवेद्य के रूप में रखें। दीपावली शैली में बही-खाता भी रख सकते हैं।
- 5
आरती और प्रसाद
दीप से लक्ष्मी आरती करें। धीरे घंटी बजाएँ, उपलब्ध हो तो कपूर अर्पित करें, और शांत मन से प्रसाद बाँटें।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
- क्या शुक्रवार लक्ष्मी पूजा के लिए सर्वश्रेष्ठ है?
शुक्रवार विशेष शुभ है, पर सच्ची दैनिक या दीपावली संध्या पूजा भी उतनी ही स्वीकार्य है। केवल वार से अधिक नियमितता मायने रखती है।
आज का पंचांग
इस पाठ के लिए तिथि, मुहूर्त और आज के पर्व।
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