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जन्मदिन पूजा विधि — दीपदान और इष्ट पूजन
वैदिक झुकाव वाली जन्मदिन बैठक: गणेश, इष्टदेव, वैकल्पिक नवग्रह स्मरण, सूर्य अर्घ्य, और दीर्घायु हेतु दीप।
अंतिम अद्यतन: 2026-09-18
समय: 30–45 मिनट

जन्मदिन इष्ट का धन्यवाद और अहंकार रहित वर्षारंभ का अवसर है। दीप जलाएँ, गणेश को अर्पित करें, उत्सव कोमल रखें।
सामग्री
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पूजा के चरण
- 1
स्नान और स्वच्छ वस्त्र
जन्मदिवसी पूर्व मुख बैठे। वृद्ध तिलक कर सकते हैं। ॐ गणपतये नमः से आरंभ करें।
- 2
इष्ट और वैकल्पिक ग्रह
कुल इष्ट की पूजा करें। संक्षिप्त नवग्रह नमस्कार और गायत्री सहित सूर्य अर्घ्य बैठक स्थिर करते हैं।
- 3
दीपदान और आरती
उपयोगी वर्षों की प्रार्थना से दीप जलाएँ। गणेश आरती करें। दोनों हों तो केक से पहले प्रसाद बाँटें।
मंत्र
ॐ गं गणपतये नमः
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
- क्या पूर्ण नवग्रह पूजा अनिवार्य है?
नहीं। घर पर नमस्कार पर्याप्त है। विस्तृत ग्रह कर्म परिवार चाहे तो पुरोहित से करवाएँ।
आज का पंचांग
इस पाठ के लिए तिथि, मुहूर्त और आज के पर्व।
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