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जन्मदिन पूजा विधि — दीपदान और इष्ट पूजन
वैदिक झुकाव वाली जन्मदिन बैठक: गणेश, इष्टदेव, वैकल्पिक नवग्रह स्मरण, सूर्य अर्घ्य, और दीर्घायु हेतु दीप।
समय: 30–45 मिनट

जन्मदिन इष्ट का धन्यवाद और अहंकार रहित वर्षारंभ का अवसर है। दीप जलाएँ, गणेश को अर्पित करें, उत्सव कोमल रखें।
सामग्री
- इष्ट चित्र, गणेश चित्र और नया दीप
- फल, मिष्ठान्न, और वस्त्र दान हो तो स्वच्छ नया वस्त्र
- स्वच्छ जल, रोली, अक्षत और फूल
- धूप, घी या तेल दीप, कपूर और घंटी
पूजा के चरण
- 1
स्नान और स्वच्छ वस्त्र
जन्मदिवसी पूर्व मुख बैठे। वृद्ध तिलक कर सकते हैं। ॐ गणपतये नमः से आरंभ करें।
- 2
इष्ट और वैकल्पिक ग्रह
कुल इष्ट की पूजा करें। संक्षिप्त नवग्रह नमस्कार और गायत्री सहित सूर्य अर्घ्य बैठक स्थिर करते हैं।
- 3
दीपदान और आरती
उपयोगी वर्षों की प्रार्थना से दीप जलाएँ। गणेश आरती करें। दोनों हों तो केक से पहले प्रसाद बाँटें।
मंत्र
ॐ गं गणपतये नमः
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
- क्या पूर्ण नवग्रह पूजा अनिवार्य है?
- नहीं। घर पर नमस्कार पर्याप्त है। विस्तृत ग्रह कर्म परिवार चाहे तो पुरोहित से करवाएँ।
आज का पंचांग
इस पाठ के लिए तिथि, मुहूर्त और आज के पर्व।
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